फ़ॉलोअर

रविवार, 13 दिसंबर 2020

जरा आने से पहले बताया तो करो ।



 ऐसे तो अचानक न आया करो , 

जरा आने से पहले बताया तो करो ।


समेट सकें जीवन के बिखरे पन्नों को , 

सजा सकें दिल के धूल भरे कोनों को , 

संवरने का मौका तो मिले कम से कम ,

सांसों की खुशबू से हवा महकाया तो करो ।


न जाने किस हाल में बैठे हैं बेदम  ,

बहके से कदम और बहके से हो हम ,

छुपाने का मौका तो मिले दिलों गम  ,

जरा हंसकर खिलखिलाया तो करो ।


नीले अंबर के तले गिनकर तारे , 

ढूंढ रहे इनमें सूने दिल के सहारे , 

अंधेरा तो जरा मन का हो ख़तम , 

जरा आंचल के सितारों को चमकाया तो करो ।


आ ही गए हो तो क्या बनोगे हमदम , 

खुशियों से क्या भर दोगे दामन , 

काली रातों का क्या मिटेगा ग्रहण , 

बनकर पूनम का चांद जगमगाया तो करो ।


ऐसे तो अचानक न आया करो , 

जरा आने से पहले बताया तो करो ।

कर दो दिल को आज़ाद, एहसान मानेंगे जनम सात .

  कर दो दिल को आज़ाद एहसान मानेंगे जनम   सात .   तुम आओ न मेरे दिल को याद एहसान मानेंगे जनम   सात .     कौन सी घडी थी और कौन से...